होली आज, ग्रहों का दुर्लभ संयोग जानिए क्या है खास पंडित शुभाष जोशी से

रंगों का त्योहार होली हर साल फाल्गुन माह की पूर्णिमा के दिन होलिका जलाने के बाद उसके अगले दिन मनाया जाता है। होली भारत के मुख्य पर्वों में से एक है जिसे बेहद धूम-धाम के साथ मनाया जाता है। कुमाऊं में होली एकदशी के दिन रंग व चीर बंधन के साथ आरम्भ हो जाती है रंगों के साथ होली में गुजियों की मिठास, प्रेम, बंधुत्व, लोक कला, फागुन के गीत आदि की छटा भी देखने को मिलती है। इस साल होली पर कई संयोग बन रहे हैं
आचार्य शुभाष जोशी ने बताया की होली में इस बार सर्वार्थ सिद्धि योग, ध्रुव योग, अमृत सिद्धि योग का निर्माण हो रहा है, जिन्हें मुहूर्त शास्त्र में बहुत ही शुभ माना जाता है। वहीं ग्रह नक्षत्र की बात करें तो, होली के दिन चंद्रमा कन्या राशि में स्थित होगा। इसके अलावा दो सबसे बड़े और अहम ग्रह शनि और गुरु, होली के दिन मकर राशि में विराजमान होंगे। वहीं शुक्र और सूर्य ये दोनों ही मीन राशि में रहेंगे। मंगल और राहु वृषभ राशि में, बुध कुंभ राशि और केतु वृश्चिक राशि में विराजमान होगा।