राजकीय मेडिकल कॉलेज हल्द्वानी में अगले सत्र से पीजी (जनरल सर्जरी) की मान्यता को एमसीआई का इनकार

उत्तराखंड के मुख्य राजकीय मेडिकल कॉलेज हल्द्वानी में अगले सत्र से पीजी (जनरल सर्जरी) में दाखिले नहीं होंगे। मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया (एमसीआई) ने जनरल सर्जरी की पीजी की नौ सीटों पर मान्यता देने से इनकार कर दिया है।
मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया की टीम ने जून में मान्यता के लिए निरीक्षण किया था। टीम ने 26 जून 2020 को अपनी रिपोर्ट दी। रिपोर्ट में साफ कहा है कि विभाग में तीन असिस्टेंट प्रोफेसर और तीन सीनियर रेजीडेंट की कमी है। साथ ही किसी भी संकाय सदस्य ने निरीक्षण के समय पब्लिकेशन से संबंधी कोई विवरण उपलब्ध नहीं कराया। इसे देखते हुए एमसीआई ने अगले सत्र के लिए जनरल सर्जरी की पीजी की नौ सीटों के लिए मान्यता देने से इनकार कर दिया।
एमसीआई ने राजकीय मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य को लिखे पत्र में साफ कहा है कि वर्तमान बैच के अलावा अगर पीजी की सीट पर दाखिला दिया गया तो वह पूरी तरह से अवैध होगा। साथ ही डिग्री को मान्यता नहीं दी जाएगी। हालांकि, एमसीआई ने 30 दिन के भीतर कमियों को दूर करते हुए निरीक्षण के लिए पुन: आवेदन करने को कहा है।
इसके अलावा भी
रेडियोलॉजी और बायोकेमिस्ट्री पहले ही हो चुके हैं बंद
पैथोलॉजी विभाग की पीजी की दो सीटों पर मान्यता पर आपत्ति लगा रखी है।
ईएनटी की पीजी की दो सीटों पर भी आपत्ति लगी हुई है।
वही – डॉ. सीपी भैसोड़ा, प्राचार्य राजकीय मेडिकल कॉलेज, हल्द्वानी ने कहा की मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया ने जनरल सर्जरी विभाग की पीजी की नौ सीटों पर मान्यता नहीं दी है। एमसीआई ने जो कमियां बताईं हैं उनको दूर करके मान्यता लेने का प्रयास किया जाएगा। कमियों को पूरा करके 30 दिन के भीतर रिपोर्ट भेजनी है। ईएनटी और पैथोलॉजी विभाग की सीटों की मान्यता के लिए भी प्रयास किया जा रहा है।