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मुख्यमंत्री के दौरे को लेकर तैयारियां तेज
आगामी 26 अक्टूबर को प्रदेश के मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत के उत्तराखण्ड प्रशासन अकादमी में प्रस्तावित कार्यक्रम के मद्देनज़र अकादमी में तैयारियाॅ शुरू कर दी गयी हैं। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम के दृष्टिगत अकादमी के निदेशक श्री राजीव रौतेला ने अधिकारियों के साथ बैठक कर त्रुटिहीन व्यवस्थाओं के बाबत निर्देश दिये तथा अकादमी के अधिकारियों को दायित्व भी सौंपे। श्री रौतेला ने बताया कि 26 अक्टूबर को प्रदेश के मुख्यमंत्री के अकादमी में आने का कार्यक्रम है। मुख्यमंत्री अकादमी में एक करोड़ से अधिक की लागत से प्रशासन अकादमी में संस्थागत कार्यों का लोकार्पण करेंगे। उन्होंने बताया कि सन् 1980 के बाद अकादमी में बड़े पैमाने पर साज-सज्जा एवं सौन्दर्यकरण का…
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ओपीडी के लिए आने वाले मरीजों का भी होगा कोरोना टैस्ट
हल्द्वानी के सोवन सिंह जीना बेस अस्पताल में अब ओपीडी के लिए आने वाले मरीजों का भी कोविड-19 टेस्ट कराया जाएगा , कोरोना के प्रसार को रोकने के लिए अस्पताल प्रशासन ने यह निर्णय लिया है कि कोई भी मरीज अस्पताल में डॉक्टरों को दिखाने से पूर्व कोविड-19 की जांच कराएगा जबकि जांच रिपोर्ट 3 दिन बाद मिलेगी , दरअसल लगातार बढ़ रहे संक्रमण के मामलों को देखते हुए अस्पताल प्रशासन ने यह निर्णय लिया है , अस्पताल प्रशासन का कहना है कि कोविड-19 की जांच के पश्चात ही ओपीडी सहित अन्य जांच के बाद ही मरीज को भर्ती किया जाएगा , अस्पताल में इलाज को आने वाले मरीजों के…
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सरकार आते ही सारे मुकदमे होंगे खारिज- इंद्रा
पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत सहित तीन सौ कांग्रेसियों पर मुकदमे दर्ज किए जाने पर भड़की नेता प्रतिपक्ष इंदिरा ह्रदयेश ने कहा की भाजपा सरकार कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर जितने मुकदमे लाद सकते हैं लाद लें , कांग्रेस सरकार आते ही इन सारे मुकदमों को खारिज कर दिया जाएगा , नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर मुकदमे लगाना सरकार की मंशा को दर्शाता है , राजनीतिक पार्टियों पर इस तरह के मुकदमे लगाना शोभा नहीं देता ,पूर्व में कांग्रेस की भी सरकारी रही है लेकिन कभी इस तरह के मुकदमे लाद कर किसी पार्टी को निशाना नहीं बनाया गया। वहीं प्रदेश में लगातार खराब हो रही कानून व्यवस्था को लेकर…
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घण्टियों का कारोबार प्रभावित
उत्तराखण्ड में देवी देवताओं को घँटीँ चढ़ाने का रिवाज सदियों पुराना है , जिसे लोग आज भी निभाते हुए आ रहे हैं, इसी रिवाज़ के चलते कुमाऊ में घण्टियों का कारोबार प्रतिवर्ष 10 से 12 करोड़ के पार चला जाता है , लेकिन कोरोना काल मे घण्टियों का कारोबार बिल्कुल शून्य हो गया, उम्मीद की जा रही है की नवरात्र में घण्टियों का कारोबार एक बार फिर से परवान चढ़ेगा । देव भूमि उत्तराखण्ड यानी देवताओं की भूमि, यहाँ के मंदिरों में 11वी शताब्दी में चंद राजाओ के दौर से ही घँटी चढ़ाई जाती रही हैं, कुमाऊ में प्रसिद्ध चितई गोलू मन्दिर, घोड़ाखाल मन्दिर, नैना देवी , लक्ष्मी माता मंदिर,…
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आज के निर्णय