उत्तराखंड
उत्तराखंड की खबरें
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उत्तराखंड -सिंगल यूज प्लास्टिक के उपयोग पर सख्त कदम उठाने की तैयारी
उत्तराखंड सरकार सिंगल यूज प्लास्टिक के उपयोग पर सख्त कदम उठाने की तैयारी में है। पर्यावरण संरक्षण एवं प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने इसकी नियमावली करीब-करीब तय कर ली है। यह प्रस्ताव जल्द ही कैबिनेट में आएगा। बोर्ड से मिली जानकारी के मुताबिक सिंगल यूज प्लास्टिक की रोकथाम के लिए विस्तृत दिशा निर्देेश तैयार किए गए हैं। मौजूद व्यवस्था में खासे झोल हैं। अपील की व्यवस्था नहीं है और यह भी स्पष्ट नहीं है कि किस प्लास्टिक को किस तरह से प्रतिबंधित किया जाएगा। इसी तरह जुर्माने की व्यवस्था पर भी तस्वीर साफ नहीं है। बोर्ड ने इन सब मामलों को देखते हुए व्यापक स्तर पर तैयारी की है। बोर्ड के सूत्रों…
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अब हरक ने खेला मास्टर स्ट्रोक , नही लड़ेंगे 2022 का चुनाव
हमेशा सुर्खियों में रहने वाले उत्तराखंड के कद्दावर नेता हरक सिंह रावत एक बार फिर सुर्खियों में हैं , अब हरक सिंह रावत ने साल 2022 का विधानसभा चुनाव न लड़ने का ऐलान किया है। दरअसल सरकार ने हाल ही में भवन सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष पद से उन्हें हटा दिया था ,जिस वजह से उनके करीबियों को भी बोर्ड भंग होने के कारण हटना पड़ा था। ऐसे में अब हरक सिंह रावत ने नया दांव खेलते हुए विधानसभा चुनाव ना लड़ने की घोषणा कर दी है। हरक सिंह रावत ने कहा कि चुनाव ना लड़ने के अपने फैसले को उन्होंने पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को भी अवगत…
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केदारनाथ में इस सीजन की पहली बर्फबारी
केदारनाथ में इस सीजन की पहली बर्फबारी , बाबा केदारनाथ धाम बर्फ की सफेद चादर से पटा , तापमान में आई भारी गिरावट , बर्फबारी देख श्रद्धालुओं में खुशी की लहर।
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सेंचुरी पेपर मिल में मजदूरों का शोषण , 28 अक्टूबर को महत्त्वपूर्ण बैठक
एशिया की सबसे बड़ी मिलो में से एक सेंचुरी पेपर मिल में मजदूरों का जमकर शोषण किया जा रहा है। 12 घंटे काम कराने के बाद भी कर्मचारियों को ओवरटाइम के पैसे नही दे रहा है मिल प्रशासन । शासन प्रशासन के अलावा पेपर मिल के अंदर चल रहे कई मजदूर संगठन भी पूरे मामले पर चुप्पी साधे हुए हैं । हालांकि अब दो संगठनों देवभूमि वर्कर यूनियन और सीपीपी कामगार यूनियन ने मजदूरों हितों में आवाज उठाई है ,और मामला डिप्टी लेबर कमिश्नर तक पहुंचा है ,जिससे मिल कर्मचारियों को थोड़ी आज जगी है , डिप्टी लेबर कमिश्नर ने आगामी 28 अक्टूबर को एक त्रिपक्षीय बैठक बुलाई है जिसमें…
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हवा को प्रदूषित कर रहे उद्योगों पर कसा शिकंजा
बुधवार को उत्तराखंड पर्यावरण संरक्षण एवं प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की महत्वपूर्ण बैठक कोई जिसमे उत्तराखंड में हवा को जहरीली बना रहे उद्योगों पर अब बोर्ड ने अपना शिकंजा कसना आरम्भ कर दिया है। बोर्ड ने इस तरह के उद्योगों को 31 मार्च 2022 तक वायु शोधक संयंत्र लगाने को कहा है। बोर्ड के संज्ञान में यह भी आया कि प्रदेश में ऐसे भी कई उद्योग हैं जो इगनॉट बनाने का काम करते हैं, अभी तक करीब ऐसे 54 उद्योग चिह्नित किए गए हैं। इन उद्योगों को कहा गया है कि वायु प्रदूषण की रोकथाम के लिए जरूरी उपाय करें। बोर्ड बैठक में इसके लिए समय सीमा तय कर दी गई। इस…